सूरत में एसीबी की बड़ी कार्रवाई: सर्कल ऑफिसर ₹10 हजार की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार
सूरत के अठवालाइंस क्षेत्र में स्थित उधना मामलतदार कार्यालय में एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने एक सफल ट्रैप कर बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। इस कार्रवाई में उधना-1 के सर्कल ऑफिसर कृष्णकुमार बनेसंग डाभी (उम्र 38 वर्ष) को ₹10,000 की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा गया है। आरोपी वर्ग-3 का अधिकारी है और मामलतदार कार्यालय में सर्कल ऑफिसर के पद पर कार्यरत था।
मामले की शिकायत एक जागरूक नागरिक द्वारा की गई थी। शिकायतकर्ता के अनुसार, उसके मुवक्किल के प्लॉट वाली जमीन में पूर्व मालिकों के नाम की कच्ची प्रविष्टि को प्रमाणित कराने के लिए आवेदन किया गया था। इस वैध कार्य को करने के बदले आरोपी अधिकारी ने ₹10,000 की रिश्वत की मांग की थी। शिकायतकर्ता रिश्वत देना नहीं चाहता था, इसलिए उसने एसीबी से संपर्क कर पूरे मामले की शिकायत दर्ज कराई।
शिकायत के आधार पर एसीबी ने योजनाबद्ध तरीके से ट्रैप का आयोजन किया। तय योजना के अनुसार जब शिकायतकर्ता सर्कल ऑफिसर से मिला, तब आरोपी ने फिर से ₹10,000 की रिश्वत की मांग की और राशि स्वीकार करते ही मौके पर एसीबी की टीम ने उसे पकड़ लिया। तलाशी के दौरान पूरी रिश्वत की रकम बरामद कर ली गई।
इस ट्रैप की कार्रवाई पुलिस इंस्पेक्टर एस.डी. धोबी के नेतृत्व में सूरत ग्रामीण एसीबी की टीम ने की। पूरे ऑपरेशन की निगरानी सहायक निदेशक आर.आर. चौधरी (एसीबी सूरत यूनिट) द्वारा की गई, जबकि वडोदरा रेंज के उप निदेशक आईपीएस बलदेव देसाई के मार्गदर्शन में यह कार्रवाई संपन्न हुई।
एसीबी की इस कार्रवाई से भ्रष्ट अधिकारियों में हड़कंप मच गया है और आम नागरिकों में कानून के प्रति भरोसा मजबूत हुआ है।