चीन में सरकार द्वारा 'कंडोम टैक्स' लागु करने पर लोग कर रहे है विरोध,जाने क्या है पूरा मामला

चीन में सरकार  द्वारा 'कंडोम टैक्स' लागु करने पर लोग कर रहे है विरोध,जाने क्या है पूरा मामला
khushbu Rajput JHBNEWS टीम,सूरत 2026-01-03 13:45:37

बीजिंग: नए साल की शुरुआत के साथ ही चीन सरकार ने अपनी तीन दशक पुरानी टैक्स पॉलिसी में बदलाव किया है। चीन ने कॉन्ट्रासेप्टिव और कंडोम पर 13 परसेंट टैक्स लागू किया है। चीन सरकार ने यह फैसला 'वन चाइल्ड पॉलिसी' को रद्द करने के 10 साल बाद लिया है। गौरतलब है कि साल 1994 में चीन ने वन-चाइल्ड पॉलिसी को सख्ती से लागू किया था।

चीन ने 1979 से 2015 के बीच वन-चाइल्ड पॉलिसी लागू की थी। उसके बाद 2016 से 2021 के बीच टू-चाइल्ड पॉलिसी लागू की गई। जबकि, 2021 में तीन बच्चे पैदा करने की इजाज़त थी। लेकिन, आबादी में भारी गिरावट के बाद जून 2021 में चीन सरकार ने सभी पाबंदियां खत्म कर दीं। इन सभी पॉलिसी के बुरे नतीजों के बाद अब सरकार तीन साल से कम उम्र के बच्चों के लिए 45,000 रुपये की चाइल्डकेयर सब्सिडी दे रही है।

आपको बता दे की चीन में 2019 में 14.7 मिलियन बच्चे पैदा हुए थे, जो 2024 में घटकर 9.5 मिलियन रह गए। अभी चीन में 20 परसेंट से ज़्यादा आबादी 60 साल या उससे ज़्यादा उम्र की है। अनुमान के मुताबिक, 2100 तक 50 परसेंट आबादी 60 साल से ज़्यादा उम्र की होगी। इससे वर्कफोर्स और पेंशन सिस्टम पर बोझ बढ़ेगा। 2022 में चीन का फर्टिलिटी रेट 1.18 बच्चे था। जो नॉर्मल से काफी कम था। चीन में घटती आबादी के पीछे बच्चे को पालने के खर्च को वजह माना जा रहा है।

यूथ पॉपुलेशन रिसर्च इंस्टीट्यूट की एक स्टडी से पता चला है कि चीन में 18 साल तक के बच्चे को पालने का खर्च लगभग 67.35 लाख रुपये है। जो इसे बच्चों को पालने के मामले में दुनिया के सबसे महंगे देशों में से एक बनाता है। चीनी सोशल मीडिया साइट्स पर सरकार के कंडोम टैक्स का विरोध हो रहा है। एक्सपर्ट्स का कहना है कि कंडोम टैक्स की वजह से HIV और दूसरी सेक्शुअली ट्रांसमिटेड बीमारियों का खतरा बढ़ जाएगा।