साइबर क्राइम सेल की बड़ी कार्रवाई, 10 करोड़ के USDT पाकिस्तान भेजने वाला युवक गिरफ्तार
गुजरात राज्य साइबर क्राइम सेल ने एक बड़े मनी लॉन्ड्रिंग घोटाले का भंडाफोड़ किया है। सूरत के कामरेज निवासी एक युवक को गिरफ्तार किया गया है, जिसने पिछले चार महीनों में क्रिप्टोकरेंसी USDT के ज़रिए ₹10 करोड़ से ज़्यादा की धोखाधड़ी की रकम पाकिस्तान भेजी थी।
घोटाले का पाकिस्तान और चीन कनेक्शन
साइबर क्राइम सेल को सूचना मिली थी कि राज्य के कुछ लोग कंबोडिया और म्यांमार में सक्रिय चीनी गिरोहों के साथ मिलकर इस घोटाले को अंजाम दे रहे हैं। ये एजेंट गुजरात के विभिन्न शहरों के बैंकों में धोखाधड़ी से जमा की गई रकम को नकद में निकाल लेते थे या ऑनलाइन ट्रांसफर के ज़रिए पाकिस्तान और दुबई स्थित एजेंटों को भेज देते थे।
राज्य साइबर क्राइम एसपी डॉ. राजदीप सिंह झाला से मिली जानकारी के आधार पर सूरत के कामरेज निवासी आरोपी चेतन गंगानी पर निगरानी रखते हुए उसे गिरफ्तार किया गया।
क्रिप्टो वॉलेट के ज़रिए करोड़ों की मनी लॉन्ड्रिंग
प्रारंभिक जाँच में चेतन गंगानी की भूमिका स्पष्ट हो गई है। चेतन गंगानी ने अपने क्रिप्टो वॉलेट का इस्तेमाल करके महज चार महीनों में पाकिस्तान स्थित एजेंटों को USDT (क्रिप्टोकरेंसी) के रूप में 10 करोड़ रुपये से ज़्यादा की रकम ट्रांसफर की। इस मनी लॉन्ड्रिंग के बदले में, चीनी गिरोह आरोपियों को एक निश्चित कमीशन देता था।
फर्जी खातों का इस्तेमाल
जांच में पता चला है कि इस घोटाले के आरोपियों ने गुजरात के विभिन्न शहरों में कई आम लोगों के बैंक खाते किराए पर खुलवाकर उनमें करोड़ों रुपये जमा किए थे। इन खातों का इस्तेमाल धोखाधड़ी से पैसे हासिल करने के लिए किया गया। फिलहाल, विल्सन गार्डन पुलिस ने इस संबंध में एक प्राथमिकी दर्ज कर ली है और इस अंतरराज्यीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर के घोटाले में शामिल अन्य लोगों की गिरफ्तारी के लिए आगे की जाँच शुरू कर दी है।