पीएम मोदी से अचानक मिलने दिल्ली क्यों पहुंचे गुजरात के सीएम? लगाए जा रहे हैं ऐसे कयास

पीएम मोदी से अचानक मिलने दिल्ली क्यों पहुंचे गुजरात के सीएम? लगाए जा रहे हैं ऐसे कयास
Anjali Singh JHBNEWS टीम,सूरत 2025-10-14 12:53:03

गांधीनगर में राजनीतिक गर्माहट तेज हो गई है। अचानक दिल्ली में हुई एक उच्चस्तरीय बैठक के बाद गुजरात के मंत्रिमंडल में बड़े बदलाव होने की संभावना प्रबल हो गई है। इस बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi), गृह मंत्री अमित शाह (Home Minister Amit Shah), मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल, राज्य के पूर्व पार्टी अध्यक्ष सीआर पाटिल (CR Patil) भाजपा प्रदेश अध्यक्ष और संगठन महामंत्री समेत कई वरिष्ठ नेता उपस्थित थे। जिसके बाद अब राज्य में बड़े राजनीतिक ऑपरेशन की अटकलें तेज हो गई हैं।

सोमवार को बिना किसी पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष जगदीश विश्वकर्मा और संगठन महामंत्री रत्नाकर दिल्ली पहुंचे थे। वहां उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह के साथ बैठक की। इस बैठक में भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष सी.आर. पाटिल भी विशेष रूप से मौजूद थे। यह बैठक छह घंटे से अधिक समय तक चली और रात 11 बजे के बाद भी जारी रही, जिसने गुजरात की राजनीति में बड़े फेरबदल के संकेत दे दिए हैं।

दिल्ली की इस हलचल के बाद गुजरात के मौजूदा मंत्रिमंडल में बेचैनी और असमंजस का माहौल देखा जा रहा है। कौन मंत्री पद पर बने रहेंगे और किनकी छुट्टी होगी, इसे लेकर राजनीतिक गलियारों में चर्चाएं और अटकलें तेज हो गई हैं। हर मंत्री को किसी न किसी बड़े बदलाव की आहट महसूस हो रही है। आज मंगलवार को मुख्यमंत्री और प्रदेश अध्यक्ष के लौटने के बाद स्थिति और स्पष्ट होने की संभावना है।

मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल की यह पिछले तीन महीनों में प्रधानमंत्री से तीसरी मुलाकात है। पिछली मुलाकातों के बाद भी मंत्रिमंडल विस्तार की चर्चाएं तेज हुई थीं, लेकिन कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया था। हालांकि, इस बार भाजपा संगठन के नेताओं का मानना है कि यह बैठक बहुत खास और अलग महत्व रखती है, क्योंकि गुजरात के नेताओं को अचानक दिल्ली बुलाया गया था। मुख्यमंत्री ने अपने गुजरात के कुछ कार्यक्रमों में भी बदलाव किया है, जिससे इन अटकलों को और बल मिला है।

मंत्रिमंडल में बदलाव दिवाली से पहले होगा या बाद में — इस मुद्दे पर भी गांधीनगर के राजनीतिक गलियारों में असमंजस और बेचैनी का माहौल है। बताया जा रहा है कि इस बैठक में बोटाद की घटना, जहां किसानों के विरोध प्रदर्शन और पुलिस के साथ झड़पें हुई थीं, उस पर भी चर्चा की गई है। हालात की गंभीरता को देखते हुए सरकार आने वाले दिनों में समाधान के लिए ठोस कदम उठा सकती है।

इस बैठक की गोपनीयता और गंभीरता का अंदाज़ा इस बात से लगाया जा सकता है कि न तो प्रधानमंत्री और न ही मुख्यमंत्री ने इस बैठक की कोई तस्वीर सोशल मीडिया पर साझा की। इसके अलावा, इस बैठक में सी.आर. पाटिल की विशेष उपस्थिति भी यह दर्शाती है कि चर्चाएं अत्यंत महत्वपूर्ण और गंभीर थीं। दिल्ली में पूरी रात भाजपा के अन्य नेता भी गुजरात में होने वाले संभावित बदलावों को लेकर आपस में चर्चा करते रहे। मुख्यमंत्री कार्यालय से मिल रही असामान्य सूचनाओं ने अन्य विभागों में भी हलचल मचा दी थी।