GST News: GST में बड़े बदलाव की तैयारी में सरकार, खत्म हो सकता है 12% का स्लैब
केंद्र सरकार जल्द ही जीएसटी में बड़ी राहत देने पर विचार कर रही है। सूत्रों से पता चला है कि सरकार फिलहाल टैक्स में बदलाव करने पर विचार कर रही है। जिससे लोगों को कुछ वस्तुओं की कीमतों में राहत मिल सकती है। खासकर मध्यम वर्ग और कम आय वाले लोगों द्वारा बहुत ज्यादा इस्तेमाल की जाने वाली वस्तुओं की कीमतों में कमी आ सकती है। तो आइए जानते हैं किन वस्तुओं की कीमतों में कमी आने वाली है.
क्या 12 फीसदी वाला स्लैब खत्म होगा?
सरकार जीएसटी के 12 फीसदी स्लैब में शामिल ज्यादातर वस्तुओं को 5 फीसदी वाले स्लैब में डालने या इन वस्तुओं पर 12 फीसदी वाले स्लैब को खत्म करने पर विचार कर रही है। यह आम लोगों के लिए काफी फायदेमंद साबित होने वाला है। आम लोगों के रोजमर्रा के इस्तेमाल की ज्यादातर वस्तुएं इसी कैटेगरी यानी 12 फीसदी वाले स्लैब में आती हैं। सूत्रों के मुताबिक जीएसटी काउंसिल की अगली बैठक में इस पर फैसला लिया जा सकता है। हालांकि, इस मामले में अभी कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है लेकिन विश्वसनीय सूत्रों से यह जानकारी मिल रही है।
8 साल बाद सरकार फिर से एक नया बदलाव करने पर विचार करेगी
। भारत में रहने वाले हर व्यक्ति को जीएसटी देना होगा। जीएसटी यानी वस्तु एवं सेवा कर को पूरे देश में एक ही कर प्रणाली के रूप में पेश किया गया था। ताकि विभिन्न करों को एक साथ जोड़ा जा सके। अहम बात यह है कि अब 8 साल बाद सरकार फिर से एक नया बदलाव करने पर विचार कर रही है। जिससे मध्यम वर्ग के लोगों को बड़ा फायदा मिलेगा। सरकार द्वारा जीएसटी में जो बदलाव किए जाएंगे, उनकी वजह से सामान्य वर्ग से जुड़े हर परिवार पर खर्च का बोझ कम हो जाएगा।
क्या चीजें सस्ती होने जा रही हैं?
भारत सरकार अब 12 प्रतिशत टैक्स स्लैब को हटाकर उसकी जगह 5 प्रतिशत टैक्स स्लैब लाने जा रही है। जिससे जूते, मिठाई, कपड़े और डेयरी उत्पादों के साथ-साथ कई अन्य चीजें सस्ती होने जा रही हैं। इस बदलाव की वजह से रोजमर्रा की चीजें सस्ती हो सकती हैं। सरकार और राज्यों को टैक्स में ज्यादा हिस्सा मिलेगा, उद्योगपतियों की जटिलता कम होगी और लोगों को कीमतों में पारदर्शिता दिखेगी। अगर सभी राज्य सहमत हो जाते हैं तो आने वाले महीनों में देशभर में कई चीजें सस्ती हो सकती हैं। लेकिन कौन सा राज्य किस मुद्दे पर सकारात्मक फैसला लेगा? यह अगली बैठक में पता चलेगा।
भारत में फिलहाल चार जीएसटी स्लैब हैं, 5%, 12%, 18% और 28%।
हालांकि, इन टैक्स स्लैब में कुछ वस्तुएं सस्ती हो जाएंगी जबकि अन्य महंगी हो जाएंगी। जिसमें तंबाकू, पान मसाला, कोल्ड ड्रिंक जैसी चीजों के दाम बढ़ सकते हैं। भारत में जीएसटी 2017 में लागू हुआ था और अंतिम कार्य दिवस 1 जुलाई को इसके आठ साल पूरे हो गए। जीएसटी दरें जीएसटी परिषद द्वारा तय की जाती हैं और उन्हें बदलने के किसी भी निर्णय में राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के प्रतिनिधि भी शामिल होते हैं। भारत में फिलहाल चार जीएसटी स्लैब हैं। 5%, 12%, 18% और 28%। जिसमें अनाज, खाद्य तेल, चीनी, नमकीन और मिठाइयों के अलावा सोना-चांदी और अन्य सभी सामानों को विभिन्न श्रेणियों के हिसाब से इस टैक्स स्लैब में रखा गया है.